बुधवार, 7 नवंबर 2012

प्रस्तुति : खोल दो और मोज़ेल

यह वर्ष सहादत हसन मंटो का जन्मशताब्दी वर्ष है. मंटो की दो कहानियों को लेकर दिल्ली के संभव थिएटर ग्रुप द्वारा कहानी का रंगमंच तैयार किया गया है. इसमें मंटो लिखित खोल दो और मोज़ेल कहानी को लिया गया है. इस प्रस्तुति को निर्देशित किया है देवेन्द्र राज अंकुर जी ने. प्रस्तुति में मैं भी मंच पर संलग्न हूँ.

प्रस्तुति का प्रथम मंचन बिहार के गया स्थित रेनेशां प्रेक्षागृह मे 4 नवम्बर, 2012 को  किया गया. इसके अगले दिन पटना स्थित कालिदास रंगशाला में इसका दूसरा मंचन हुआ.

देश के विभिन्न हिस्सों में अभी इस प्रस्तुति को मंचित करने की योजना है.

समय निकाल कर आप भी देखें, अच्छा लगेगा.

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें